
Bihar Elections 2025: तेजस्वी यादव के आवास पर महागठबंधन के घटक दलों की अहम बैठक हुई। इस बैठक में कांग्रेस ने सभी पार्टियों से अपील की कि वे अपने व्यक्तिगत स्वार्थ को पीछे रखते हुए मिलकर बिहार के विकास और जनता की भलाई के लिए काम करें। कांग्रेस का कहना था कि सिर्फ सत्ता पाने के लिए नहीं, बल्कि बिहार में स्थायी बदलाव लाने के उद्देश्य से सहयोग करना ज़रूरी है।बैठक के दौरान सभी दलों ने एकजुटता का संदेश दिया और आगामी चुनाव को लेकर रणनीति पर चर्चा की।कांग्रेस ने विशेष रूप से यह भी जोर दिया कि इस बार का चुनाव महज राजनीतिक मुकाबला नहीं, बल्कि बिहार के भविष्य की लड़ाई है।
बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले महागठबंधन के घटक दलों के बीच सीट शेयरिंग को लेकर महत्वपूर्ण सहमति बन गई है। विपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव के पटना स्थित आवास पर शनिवार को हुई बैठक में राष्ट्रीय जनता दल (राजद), कांग्रेस, राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLSP), झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM), वामपंथी दल और विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के शीर्ष नेता शामिल हुए।बैठक में सभी दलों ने व्यापक रूप से सीट बंटवारे पर सहमति जताई। कांग्रेस के बिहार अध्यक्ष राजेश राम ने बताया कि यह बैठक बेहद सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई, जिसमें हर पार्टी ने संतुलित और तार्किक आधार पर सीट बंटवारे की दिशा में समझौता किया। उन्होंने कहा कि इस बार कांग्रेस अपने प्रभाव वाले इलाकों में ही उम्मीदवार उतारेगी और अन्य सहयोगी दलों के अधिकारों का सम्मान किया जाएगा। कांग्रेस के बिहार प्रभारी अल्लवरु ने कहा कि गठबंधन में नए सहयोगी भी शामिल हो रहे हैं। विशेष रूप से झामुमो और रालोसपा को भी कुछ सीटें दी जाएंगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि 70 सीटों पर कांग्रेस का दावा अब तक आधिकारिक रूप से तय नहीं हुआ है।
अल्लवरु ने जोर देकर कहा कि अच्छी और कमजोर सीटों का बंटवारा निष्पक्ष तरीके से होगा, ताकि गठबंधन मजबूत बने। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पूरे प्रक्रिया का औपचारिक ऐलान 15 सितंबर तक हो जाएगा।
इस प्रकार, बिहार महागठबंधन ने एकजुटता के साथ चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। सभी दल भविष्य में गठबंधन को मज़बूत बनाकर बिहार के विकास और जनता की भलाई के लिए एकजुट लड़ाई लड़ने की तैयारी में हैं।
