मनोरंजन
Trending

Bhooth Bangla Hindi Review: हंसाते-हंसाते डराएगा अक्षय कुमार का 'भूत बंगला', पैसा वसूल है या सिर्फ शोर? पढ़ें पूरा रिव्यु

"हंसा-हंसा कर डराएगी अक्षय कुमार की 'भूत बंगला'। प्रियदर्शन के निर्देशन में बनी यह हॉरर-कॉमेडी क्या वाकई पैसा वसूल है? परेश रावल और राजपाल यादव की कॉमेडी का तड़का देखने से पहले ये रिव्यु जरूर पढ़ें।"

Bhooth Bangla Review: अक्षय-प्रियदर्शन की जोड़ी ने फिर किया कमाल! हंसी और डर का ऐसा ‘कॉम्बिनेशन’ पहले नहीं देखा होगा

Bhooth Bangla Review in Hindi: बॉलीवुड में जब भी कॉमेडी और हॉरर के मेल की बात होती है, तो जेहन में सबसे पहला नाम प्रियदर्शन का आता है। लगभग 14 साल के लंबे इंतज़ार के बाद, अक्षय कुमार और प्रियदर्शन की आइकॉनिक जोड़ी वापस लौटी है फिल्म ‘भूत बंगला’ के साथ। एक ऐसे दौर में जहाँ सिनेमाघरों में सिर्फ खून-खराबा और भारी-भरकम एक्शन (एनिमल स्टाइल) का बोलबाला है, वहाँ यह फिल्म ठंडी हवा के झोंके जैसी है।

क्या ‘भूत बंगला’ वाकई भूल भुलैया जैसा जादू चला पाई? चलिए जानते हैं इस डिटेल रिव्यु में।

कहानी: वसीयत, विरासत और एक खौफनाक ‘वधुसुर’

फिल्म की कहानी अर्जुन आचार्य (अक्षय कुमार) के इर्द-गिर्द बुनी गई है। अर्जुन एक ऐसा ‘जुगाड़ू’ और फुकरा इंसान है जो विदेश में रहकर बस उधार के भरोसे जिंदगी काट रहा है। कहानी में मोड़ तब आता है जब अर्जुन की बहन मीरा (मिथिला पालकर) की शादी तय होती है और परिवार को पैसों की सख्त जरूरत पड़ती है।

तभी किस्मत चमकती है और उन्हें पता चलता है कि उत्तर प्रदेश के ‘मंगलपुर’ गांव में उनके दादाजी उनके नाम 500 करोड़ का महल छोड़ गए हैं। लेकिन ट्विस्ट ये है कि उस महल में ‘वधुसुर’ नाम के एक शैतान का साया है, जिसकी वजह से गांव में शादियां होनी बंद हो गई हैं। अब अर्जुन उस भूतिया बंगले को कैसे संभालता है और वधुसुर का क्या राज है, यही फिल्म की असली जर्नी है।

Read More:- Women Reservation Law: संसद में जोरदार बहस के बीच देर रात लागू हुआ कानून, जानें क्या हैं महिला आरक्षण कानून

डायरेक्शन और स्क्रीनप्ले: प्रियदर्शन का विंटेज स्टाइल

प्रियदर्शन को हॉरर-कॉमेडी का उस्ताद माना जाता है। ‘भूत बंगला’ में उन्होंने साबित कर दिया कि वो आज भी अपनी लय में हैं। फिल्म की राइटिंग रोहन शंकर और अभिलाष नायर ने मिलकर की है, जिससे फिल्म में पुराने जमाने वाली मासूमियत और नए जमाने का ह्यूमर, दोनों का सही तालमेल दिखता है।

  • पेसिंग: फिल्म की रफ्तार काफी तेज है, जो आपको बोर होने का मौका नहीं देती।
  • नॉस्टैल्जिया: फिल्म में ‘भागम भाग’ के कुछ आइकॉनिक सीन्स को जिस तरह से ट्रिब्यूट दिया गया है, वो काबिले-तारीफ है।

एक्टिंग: जब पूरी ‘कॉमेडी ब्रिगेड’ एक साथ हो

  • अक्षय कुमार: ‘खिलाड़ी’ कुमार अपनी पुरानी पिच पर वापस आ गए हैं। उनकी टाइमिंग, बॉडी लैंग्वेज और बेपरवाह अंदाज देख कर आपको ‘हेरा फेरी’ और ‘गरम मसाला’ वाले अक्षय की याद आ जाएगी।
  • सपोर्टिंग कास्ट: फिल्म की जान इसकी सपोर्टिंग कास्ट है। परेश रावल, राजपाल यादव और असरानी की तिकड़ी जब स्क्रीन पर आती है, तो थिएटर ठहाकों से गूंज उठता है। दिग्गज कलाकार असरानी को उनके आखिरी कुछ रोल्स में से एक में देखना भावुक भी करता है।
  • फीमेल लीड्स: वामिका गब्बी और मिथिला पालकर ने अपने किरदारों के साथ पूरा न्याय किया है। तब्बू और मनोज जोशी जैसे सीनियर एक्टर्स ने फिल्म की गहराई को और बढ़ाया है।

फिल्म की खूबियां और कमियां

खूबियां (Pros)

  • अक्षय कुमार की जबरदस्त कॉमिक टाइमिंग
  • हॉरर और कॉमेडी का बेहतरीन बैलेंस
  • बेहतरीन बैकग्राउंड स्कोर और विजुअल्स
  • पूरे परिवार के साथ देखने लायक फिल्म

कमियां (Cons)

  • कुछ सीन्स में कॉमेडी थोड़ी ‘लाउड’ लग सकती है
  • लॉजिक ढूंढने वालों के लिए यह फिल्म नहीं है
  • क्लाइमेक्स को थोड़ा और क्रिस्पी बनाया जा सकता था

देखें या न देखें?

अगर आप टॉक्सिक मर्दानगी, भारी गन्स और सीरियस सिनेमा से ऊब चुके हैं और एक ऐसी फिल्म चाहते हैं जिसे आप पूरे परिवार के साथ बैठकर देख सकें, तो ‘भूत बंगला’ आपके लिए परफेक्ट चॉइस है। यह फिल्म आपको डराएगी भी और हंसते-हंसते आपके पेट में दर्द भी कर देगी।

अक्षय कुमार ने इस बार दिखा दिया है कि जब वो अपनी स्ट्रेंथ (कॉमेडी) पर आते हैं, तो उनसे बेहतर कोई नहीं। यह एक पूरी तरह से ‘पैसा वसूल’ एंटरटेनर है।

रेटिंग: ⭐⭐⭐⭐ (4/5 स्टार)

क्या आपने भूत बंगला देखी? आपको अक्षय कुमार का नया अवतार कैसा लगा? हमें कमेंट्स में जरूर बताएं!

Read More:- सूरत में दिल दहला देने वाली वारदात, मां ने बेटियों को जहर पिलाकर दी जान

Related Articles

Back to top button