नई दिल्ली: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बेहद कड़ा बयान दिया है। ट्रंप ने दावा किया कि “1000 मिसाइलें लॉक्ड एंड लोडेड हैं और हजारों अन्य भी तुरंत तैयार हैं”। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ईरान उनकी हत्या की कोशिश करता है या अमेरिका के खिलाफ कोई बड़ा कदम उठाता है, तो जवाब बेहद विनाशकारी होगा।
यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव पहले से ही चरम पर है और पश्चिम एशिया की स्थिति लगातार संवेदनशील बनी हुई है।
ट्रंप ने क्या कहा?
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा कि उन्होंने अमेरिकी सेना को पहले से निर्देश दे दिए हैं कि यदि ईरान उनकी हत्या करने की कोशिश करता है, तो अमेरिका की ओर से बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि 1000 मिसाइलें पहले से तैयार हैं और आवश्यकता पड़ने पर हजारों अतिरिक्त मिसाइलें भी दागी जा सकती हैं।
क्यों बढ़ा विवाद?
रिपोर्टों के अनुसार, ट्रंप का यह बयान ईरान से जुड़े कथित हत्या के खतरों और दोनों देशों के बीच लगातार बढ़ते तनाव के बीच आया है। पिछले कुछ महीनों में पश्चिम एशिया में कई सैन्य और कूटनीतिक घटनाओं ने दोनों देशों के संबंधों को और अधिक तनावपूर्ण बना दिया है।
दुनिया की नजरें अमेरिका-ईरान पर
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ता है तो इसका असर वैश्विक तेल बाजार, अंतरराष्ट्रीय व्यापार और क्षेत्रीय सुरक्षा पर पड़ सकता है। हालांकि फिलहाल किसी नई सैन्य कार्रवाई की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
अंतरराष्ट्रीय चिंता
ट्रंप के इस बयान के बाद दुनिया भर में नई बहस शुरू हो गई है। कई देशों की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि आने वाले दिनों में अमेरिका और ईरान के रिश्ते किस दिशा में जाते हैं और क्या कूटनीतिक प्रयास तनाव कम करने में सफल होंगे।




